भारत-अमेरिका व्यापार वार्ता और टैरिफ को लेकर तनाव
भारत और संयुक्त राज्य अमेरिका के बीच द्विपक्षीय व्यापार वार्ताएँ 10-11 दिसंबर 2025 को नई दिल्ली में हो रही हैं। अमेरिकी उप व्यापार प्रतिनिधि रिक स्विटजर के नेतृत्व में एक अमेरिकी प्रतिनिधिमंडल इन वार्ताओं के लिए भारत में है। इन वार्ताओं का उद्देश्य प्रस्तावित द्विपक्षीय व्यापार समझौते की प्रगति की समीक्षा करना और टैरिफ संबंधी चिंताओं को दूर करना है।
हालांकि, इन वार्ताओं के बीच, अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने भारतीय चावल पर "बहुत सख्त टैरिफ" लगाने की संभावना का संकेत दिया है। उनका आरोप है कि भारत "सस्ते दामों पर बड़ी मात्रा में चावल" भेज रहा है, जिससे अमेरिकी किसानों को नुकसान हो रहा है। भारतीय निर्यातकों ने इन धमकियों को ज्यादा महत्व नहीं दिया है, क्योंकि अमेरिका को होने वाला चावल निर्यात भारत के कुल निर्यात का एक छोटा हिस्सा है।
माइक्रोसॉफ्ट का भारत में $17.5 बिलियन का बड़ा निवेश
माइक्रोसॉफ्ट के सीईओ सत्या नडेला ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात के बाद भारत में एक बड़े निवेश की घोषणा की है। माइक्रोसॉफ्ट भारत में AI (आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस) के बुनियादी ढांचे और कौशल विकास के लिए $17.5 बिलियन (लगभग ₹1.57 लाख करोड़) का निवेश करेगा। यह एशिया में माइक्रोसॉफ्ट का अब तक का सबसे बड़ा निवेश है और इसका उद्देश्य भारत के AI-केंद्रित भविष्य के लिए आवश्यक बुनियादी ढांचा, कौशल और संप्रभु क्षमताओं के निर्माण में मदद करना है।
इंडिगो एयरलाइंस का परिचालन संकट
देश की सबसे बड़ी एयरलाइन इंडिगो एक बड़े परिचालन संकट का सामना कर रही है। पिछले एक सप्ताह में आंतरिक मुद्दों, विशेष रूप से क्रू रोस्टरिंग और योजना में खामियों के कारण 4,500 से अधिक उड़ानें रद्द की गई हैं। सरकार ने इस स्थिति पर कड़ी कार्रवाई की है, नागरिक उड्डयन मंत्रालय ने इंडिगो को अपनी निर्धारित उड़ानों में 10% की कटौती करने का निर्देश दिया है और एयरलाइन से एक संशोधित उड़ान कार्यक्रम प्रस्तुत करने को कहा है। इंडिगो के सीईओ ने नागरिक उड्डयन मंत्री से मुलाकात की है।
अनिल अंबानी के बेटे के खिलाफ सीबीआई मामला
केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) ने उद्योगपति अनिल अंबानी के बेटे जय अनमोल अनिल अंबानी और रिलायंस होम फाइनेंस लिमिटेड (RHFL) के खिलाफ ₹228.06 करोड़ के कथित बैंक धोखाधड़ी मामले में केस दर्ज किया है। यह मामला यूनियन बैंक ऑफ इंडिया से जुड़े वित्तीय अनियमितताओं से संबंधित है।
भारत-रूस व्यापार सहयोग में वृद्धि
भारत और रूस द्विपक्षीय व्यापार को बढ़ावा देने के लिए लगातार काम कर रहे हैं, जिसका लक्ष्य 2030 तक $100 बिलियन तक पहुंचना है। वर्तमान में यह व्यापार लगभग $70 बिलियन है। दोनों देश राष्ट्रीय मुद्राओं में व्यापार बढ़ाने और ऑटोमोबाइल, इलेक्ट्रॉनिक्स और विनिर्माण जैसे क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने पर सहमत हुए हैं। भारत का कुशल कार्यबल रूस में अनुमानित पेशेवर कमी को पूरा करने में भी भूमिका निभा सकता है।