भारत सरकार ने हाल ही में कई महत्वपूर्ण योजनाओं और नीतियों में अद्यतन और घोषणाएँ की हैं, जिनका उद्देश्य विभिन्न सामाजिक-आर्थिक वर्गों को लाभान्वित करना है। ये अपडेट विशेष रूप से सामाजिक कल्याण, अर्थव्यवस्था, विज्ञान और प्रौद्योगिकी, तथा अंतर्राष्ट्रीय संबंधों के क्षेत्रों पर केंद्रित हैं।
सामाजिक कल्याण और जन सुविधाएँ
- वरिष्ठ नागरिकों के लिए नई सुविधाएँ: 1 दिसंबर, 2025 से वरिष्ठ नागरिकों के लिए 8 नई विशेष सुविधाएँ लागू की गई हैं। इन सुविधाओं में स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार (जैसे आयुष्मान भारत कवरेज के तहत ₹5 लाख तक का मुफ्त इलाज और सरकारी अस्पतालों में प्राथमिकता सेवा), यात्रा में व्यापक छूट (रेलवे और बस यात्रा पर 30-50% तक छूट), बढ़ी हुई पेंशन और बेहतर बचत योजनाएँ (SCSS और FD पर बेहतर ब्याज दरें), बैंकिंग सेवाओं में प्राथमिकता, मुफ्त कानूनी सहायता, सामाजिक सुरक्षा और संरक्षण, ग्रामीण क्षेत्रों के लिए टेलीमेडिसिन जैसी विशेष सुविधाएँ, और एक नया 'वन नेशन वन आईडी' सीनियर सिटीजन कार्ड शामिल हैं।
- आधार कार्ड अपडेट प्रक्रिया में बदलाव: 1 दिसंबर, 2025 से आधार कार्ड में नाम, पता, जन्मतिथि और मोबाइल नंबर जैसी जानकारी को ऑनलाइन अपडेट करना आसान हो गया है। UIDAI ने एक नया आधार ऐप भी लॉन्च किया है, जिससे QR कोड और फेस रिकॉग्निशन के माध्यम से सत्यापन किया जा सकेगा, जिससे सुरक्षा और व्यक्तिगत डेटा संरक्षण मजबूत होगा।
- सुकन्या समृद्धि योजना 2025: बालिकाओं के भविष्य को आर्थिक रूप से सुरक्षित करने के उद्देश्य से चलाई जा रही सुकन्या समृद्धि योजना में 2025 के लिए नए अपडेट जारी किए गए हैं। इस योजना के तहत माता-पिता अपनी बालिका के लिए खाता खुलवाकर छोटी-छोटी निवेश राशि जमा करके लाखों रुपए तक की राशि प्राप्त कर सकते हैं। योजना में प्रति माह 250-500 रुपये जमा करने पर ₹11,08,412 तक प्राप्त होने का अनुमान है।
- संविदा श्रमिकों के लिए कल्याण योजनाएँ: श्रम और रोजगार मंत्रालय ने 26 अगस्त, 2021 को ई-श्रम पोर्टल लॉन्च किया था। नवंबर 2025 तक, 31.38 करोड़ से अधिक असंगठित और 5.09 लाख से अधिक संविदा/प्लेटफ़ॉर्म श्रमिकों को इस पोर्टल पर पंजीकृत किया जा चुका है। सामाजिक सुरक्षा, स्वास्थ्य और कल्याण योजनाओं तक पहुँच प्रदान करने के लिए विभिन्न मंत्रालयों की 14 योजनाओं को ई-श्रम पोर्टल से जोड़ा गया है।
अर्थव्यवस्था और वित्तीय नीतियाँ
- वित्तीय नियमों में बदलाव: 1 दिसंबर, 2025 से कई वित्तीय और प्रशासनिक नियम बदले हैं। इनमें कमर्शियल LPG सिलेंडर की कीमतों में ₹10 की कमी शामिल है, जबकि घरेलू सिलेंडर की कीमतें अपरिवर्तित रहेंगी। ऑनलाइन बैंकिंग और निवेश से जुड़े नियम भी अधिक सुरक्षित हो गए हैं। पेंशनभोगियों के लिए लाइफ सर्टिफिकेट जमा करने की अंतिम तिथि 30 नवंबर, 2025 थी, और जो इसे जमा नहीं कर पाए, उनकी पेंशन रुक सकती है।
- भारतीय अर्थव्यवस्था की मजबूती: वित्त मंत्रालय ने बताया है कि वैश्विक चुनौतियों के बावजूद भारतीय अर्थव्यवस्था मजबूत बनी हुई है। वित्त वर्ष 2026 की दूसरी तिमाही के लिए वास्तविक जीडीपी वृद्धि दर 7.0-7.5% के बीच रहने का अनुमान है। सेवाओं के निर्यात ने अक्टूबर में अपना उच्चतम मासिक स्तर हासिल किया, जिससे व्यापार घाटे को समर्थन मिला है।
- रेपो रेट में कटौती की उम्मीद: आर्थिक विशेषज्ञों का अनुमान है कि भारतीय रिज़र्व बैंक (RBI) 3 दिसंबर, 2025 को रेपो रेट में 0.25% की कटौती कर सकता है। इससे ऋण सस्ते होने की संभावना है।
- GST युक्तिकरण का प्रभाव: वित्त मंत्रालय के अनुसार, GST दरों के युक्तिकरण से खपत में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है, जो ई-वे बिल जनरेशन, त्योहारी ऑटोमोबाइल बिक्री और UPI लेनदेन जैसे उच्च-आवृत्ति संकेतकों में परिलक्षित होता है।
विज्ञान और प्रौद्योगिकी
- R&D के लिए ₹1 लाख करोड़ का फंड: प्रधानमंत्री ने अनुसंधान और विकास (R&D) में निजी क्षेत्र के निवेश को बढ़ावा देने के लिए ₹1 लाख करोड़ के कोष की शुरुआत की है। इसका उद्देश्य भारत को विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में एक वैश्विक महाशक्ति के रूप में स्थापित करना है।
- जैव प्रौद्योगिकी नीति BIO-E3: विज्ञान मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह ने बताया कि भारत 2025 तक वैश्विक जैव प्रौद्योगिकी क्रांति में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। मोदी सरकार 3.0 द्वारा लाई गई देश की पहली जैव प्रौद्योगिकी नीति - BIO-E3 (अर्थव्यवस्था, रोजगार और पर्यावरण के लिए जैव प्रौद्योगिकी) - ने इसके लिए मार्ग प्रशस्त किया है। भारत की जैव-अर्थव्यवस्था 2014 में 10 बिलियन डॉलर से बढ़कर 2024 में 130 बिलियन डॉलर से अधिक हो गई है, और 2030 तक 300 बिलियन डॉलर तक पहुँचने का अनुमान है।
- आपदा प्रबंधन में मजबूती: 30 नवंबर, 2025 को देहरादून में 'आपदा प्रबंधन पर विश्व शिखर सम्मेलन' में डॉ. जितेंद्र सिंह ने भारत की मजबूत आपदा तैयारियों पर प्रकाश डाला। उत्तराखंड में तीन मौसम रडार पहले से ही स्थापित हैं, और तीन और जल्द ही चालू किए जाएंगे, जिससे वास्तविक समय पूर्वानुमान क्षमता मजबूत होगी।
अंतर्राष्ट्रीय संबंध
- भारत-रूस शिखर सम्मेलन: रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन 4 और 5 दिसंबर, 2025 को 23वें भारत-रूस वार्षिक शिखर सम्मेलन के लिए भारत की राजकीय यात्रा पर आएंगे। इस यात्रा का उद्देश्य द्विपक्षीय संबंधों की समीक्षा करना, "विशेष एवं विशेषाधिकार प्राप्त रणनीतिक साझेदारी" को मजबूत करना और क्षेत्रीय तथा वैश्विक मुद्दों पर विचारों का आदान-प्रदान करना है। चर्चा में रक्षा, ऊर्जा, व्यापार, विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी और अंतरिक्ष सहयोग जैसे क्षेत्र शामिल होंगे।