भारतीय अर्थव्यवस्था और व्यापार ने पिछले 24 घंटों में कई महत्वपूर्ण घटनाक्रम देखे हैं, जो देश की बढ़ती आर्थिक शक्ति और वैश्विक स्थिति को रेखांकित करते हैं।
भारत की मजबूत आर्थिक स्थिति और व्यापार में बढ़ती शक्ति
वाणिज्य और उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने पुष्टि की है कि भारत अब व्यापार समझौतों पर 'ताकत की स्थिति' से बातचीत कर रहा है। उन्होंने जोर देकर कहा कि भारत अब ऐसे देशों के साथ मुख्य रूप से जुड़ रहा है जो भारत के प्रतिस्पर्धी नहीं हैं, जिससे संतुलित और पारस्परिक रूप से लाभकारी व्यापारिक साझेदारी सुनिश्चित हो सके। मंत्री ने बताया कि भारत का विदेशी मुद्रा भंडार लगभग $700 बिलियन पर मजबूत बना हुआ है, जो भारतीय अर्थव्यवस्था के मजबूत बुनियादी सिद्धांतों को दर्शाता है। उन्होंने IMF के नवीनतम अनुमान का भी उल्लेख किया, जिसने भारत के विकास पूर्वानुमान को 6.4% से बढ़ाकर 6.6% कर दिया है, और सितंबर में खुदरा मुद्रास्फीति आठ वर्षों में सबसे कम 1.54% रही है। गोयल ने यह भी बताया कि भारत ने पहले ही 250 गीगावाट नवीकरणीय ऊर्जा क्षमता हासिल कर ली है, जो देश के ट्रांसमिशन ग्रिड का 50% प्रतिनिधित्व करती है, और 2030 तक 500 गीगावाट स्वच्छ ऊर्जा क्षमता का लक्ष्य है।
प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी ने भी भारत की आर्थिक प्रगति पर प्रकाश डाला, यह कहते हुए कि देश "फ्रैजाइल फाइव" से दुनिया की शीर्ष पांच अर्थव्यवस्थाओं में से एक बन गया है। उन्होंने जोर देकर कहा कि भारत हर क्षेत्र में आत्मनिर्भर और आत्मविश्वास से भरा है, जिसमें 7% से अधिक की वृद्धि और 2% से कम मुद्रास्फीति है। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने भी भारतीय अर्थव्यवस्था को मजबूत करने और स्वदेशी उत्पादन को बढ़ावा देने में व्यापार के महत्व पर जोर दिया।
शेयर बाजार और सोने के रुझान
भारतीय इक्विटी बेंचमार्क सूचकांकों, निफ्टी50 और बीएसई सेंसेक्स, ने शुक्रवार (17 अक्टूबर) को एक मजबूत रैली के बाद लाल निशान में शुरुआत की। हालांकि, बाजार विशेषज्ञ कंपनियों की कमाई और भारत-अमेरिका व्यापार वार्ता में संभावित प्रगति के कारण आगे बढ़ने की उम्मीद कर रहे हैं। इस बीच, सोने की कीमतें अभूतपूर्व स्तर पर पहुंच गई हैं, जो $4,300 को पार कर गई हैं। यह वृद्धि अमेरिका-चीन व्यापार संघर्षों से उत्पन्न बाजार अनिश्चितता और अमेरिकी दर में कटौती की संभावनाओं के कारण है। 17 अक्टूबर को भारत में 24K सोना ₹13,200 प्रति ग्राम से ऊपर कारोबार कर रहा था, जो अंतरराष्ट्रीय कीमतों में वृद्धि और घरेलू व मौसमी मांग को दर्शाता है। भारतीय परिवार बड़ी मात्रा में सोने के मालिक हैं ($3.8 ट्रिलियन मूल्य का 34,600 टन), और बढ़ती कीमतें उन्हें समृद्ध बनाती हैं, हालांकि उच्च सोने का आयात भारत के व्यापार घाटे को बढ़ाता है।
प्रमुख व्यावसायिक परिणाम और अंतर्राष्ट्रीय सहयोग
रिलायंस इंडस्ट्रीज (RIL) ने शुक्रवार (17 अक्टूबर) को अपनी दूसरी तिमाही के परिणामों की घोषणा की, जिसमें Q2 लाभ में 16% की वृद्धि दर्ज की गई, जो ₹48,500 करोड़ तक पहुंच गई, और राजस्व में 10% की वृद्धि हुई। यह वृद्धि इसके ऑयल-टू-केमिकल्स (O2C) व्यवसाय और उपभोक्ता-केंद्रित डिजिटल और खुदरा इकाइयों के मजबूत प्रदर्शन से प्रेरित थी।
अंतर्राष्ट्रीय मोर्चे पर, मिस्र ने भारतीय कंपनियों को स्वेज नहर आर्थिक क्षेत्र (SCEZ) में निवेश करने के लिए आमंत्रित किया है। मिस्र ऊर्जा, एआई, फार्मास्यूटिकल्स, रसायन और उर्वरक जैसे क्षेत्रों में भारतीय निवेश आकर्षित करने का इच्छुक है। दोनों देशों का लक्ष्य 2028 तक द्विपक्षीय व्यापार को दोगुना करना है, और मिस्र सरकार भारतीय कंपनियों के लिए व्यापार करने में आसानी में सुधार कर रही है।