पिछले 24 घंटों में, भारत सरकार ने विभिन्न क्षेत्रों में नागरिकों के कल्याण और विकास को सुनिश्चित करने के लिए कई महत्वपूर्ण योजनाएं और नीतियां पेश की हैं। इन पहलों में कौशल विकास, जमीनी स्तर पर शासन और स्वास्थ्य सेवाओं पर विशेष ध्यान दिया गया है।
PM-SETU योजना का शुभारंभ
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 'कौशल दीक्षांत समारोह' के दौरान प्रधान मंत्री स्किलिंग एंड एम्प्लॉयबिलिटी ट्रांसफॉर्मेशन थ्रू अपग्रेडेड ITIs (PM-SETU) योजना का शुभारंभ किया। यह योजना 60,000 करोड़ रुपये के निवेश के साथ एक केंद्र प्रायोजित योजना है। इसका मुख्य लक्ष्य 1,000 सरकारी ITI को हब-एंड-स्पोक मॉडल में अपग्रेड करना है, जिससे देश के युवाओं को दुनिया की कौशल मांगों से जोड़ा जा सके। इस व्यापक पहल के तहत 62,000 करोड़ रुपये से अधिक की युवा-केंद्रित परियोजनाएं भी शुरू की गईं, जिनका उद्देश्य शिक्षा, कौशल और उद्यमिता को बढ़ावा देना है।
जन योजना अभियान (PPC) 2025-26
पंचायती राज मंत्रालय ने 2 अक्टूबर, 2025 को सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में 'जन योजना अभियान (PPC) 2025-26: "सबकी योजना, सबका विकास"' अभियान शुरू किया। यह अभियान वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए पंचायत विकास योजनाएं (PDP) तैयार करने की राष्ट्रव्यापी प्रक्रिया को गति देगा। इस पहल का उद्देश्य ग्राम पंचायत, ब्लॉक पंचायत और जिला पंचायत स्तर पर समावेशी और समन्वित विकास योजनाओं को तैयार करने में लोगों की भागीदारी को बढ़ाना है, जिससे जमीनी स्तर पर शासन मजबूत हो सके।
CGHS दरों में संशोधन
केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने केंद्रीय सरकार स्वास्थ्य योजना (CGHS) की दरों में संशोधन की घोषणा की है, जो अक्टूबर 2025 से प्रभावी होगा। यह 2014 के बाद पहला संशोधन है और लगभग 2,000 चिकित्सा प्रक्रियाओं को प्रभावित करेगा। इन परिवर्तनों से केंद्र सरकार के लाखों कर्मचारियों और पेंशनभोगियों को लाभ मिलने की उम्मीद है, क्योंकि यह मान्यता की स्थिति, अस्पताल के प्रकार, शहर के वर्गीकरण और वार्ड की पात्रता के आधार पर लागू होगा।
दिल्ली सरकार की वित्तीय सहायता योजनाओं का वार्षिक सत्यापन
दिल्ली सरकार ने अपनी वित्तीय सहायता योजनाओं के लाभार्थियों का वार्षिक सत्यापन करने की घोषणा की है। इस प्रक्रिया का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि केवल वास्तविक और योग्य व्यक्तियों को ही सहायता प्राप्त हो, और धोखाधड़ी वाले दावों को समाप्त किया जा सके। इस सत्यापन में बायोमेट्रिक प्रमाणीकरण शामिल होगा।
उत्तराखंड सरकार की ट्रैक्टर सब्सिडी योजना
उत्तराखंड सरकार किसानों के लिए एक महत्वपूर्ण ट्रैक्टर सब्सिडी योजना लेकर आई है, जिसके तहत किसान 10 लाख रुपये का ट्रैक्टर केवल 2 लाख रुपये में खरीद सकते हैं। इस 'पहले आओ, पहले पाओ' के आधार पर दी जाने वाली योजना में 80% तक की सब्सिडी प्रदान की जा रही है, और आवेदन की अंतिम तिथि 7 अक्टूबर, 2025 है।