भारत सरकार ने 1 अक्टूबर 2025 से कई महत्वपूर्ण नियमों और नीतियों को लागू किया है, जो देश के वित्तीय परिदृश्य, डिजिटल लेनदेन और नागरिक सेवाओं को प्रभावित करेंगे। ये बदलाव प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे छात्रों के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण हैं।
पेंशन योजनाओं में बड़े बदलाव (NPS, अटल पेंशन योजना)
- न्यूनतम मासिक योगदान में वृद्धि: राष्ट्रीय पेंशन प्रणाली (NPS) में न्यूनतम मासिक योगदान को 500 रुपये से बढ़ाकर 1,000 रुपये कर दिया गया है।
- नया टियर सिस्टम: NPS में अब टियर-1 और टियर-2 विकल्प होंगे। टियर-1 रिटायरमेंट फोकस और टैक्स लाभ के साथ होगा, जबकि टियर-2 एक लचीला विकल्प होगा जिसमें कोई टैक्स लाभ नहीं मिलेगा।
- 100% इक्विटी निवेश का विकल्प: गैर-सरकारी सब्सक्राइबर अब अपनी पूरी राशि (100%) इक्विटी (शेयर बाजार) में निवेश कर सकेंगे, जिससे उन्हें अधिक रिटर्न मिलने की संभावना है, हालांकि इसमें जोखिम भी रहेगा। पहले यह सीमा 75 प्रतिशत थी।
- PFRDA शुल्कों में संशोधन: पेंशन फंड नियामक और विकास प्राधिकरण (PFRDA) ने सेंट्रल रिकॉर्डकीपिंग एजेंसियों (CRAs) द्वारा पेंशन सब्सक्राइबर्स को दी जाने वाली सेवाओं के शुल्क संशोधित किए हैं। ये बदलाव नेशनल पेंशन सिस्टम (NPS), NPS Lite, NPS वात्सल्या, यूनिफाइड पेंशन स्कीम (UPS), और अटल पेंशन योजना (APY) पर लागू होंगे। सरकारी कर्मचारियों को नया PRAN (Permanent Retirement Account Number) खोलने पर e-PRAN किट के लिए 18 रुपये देने होंगे।
- UPS में स्विच करने की समय सीमा: केंद्रीय सरकारी कर्मचारी जो NPS में नामांकित हैं, वे 1 अक्टूबर 2025 के बाद UPS में स्विच नहीं कर पाएंगे, क्योंकि इसका विकल्प चुनने की अंतिम तिथि 30 सितंबर 2025 थी।
भारतीय रेलवे टिकट बुकिंग के नियम
- आधार सत्यापन अनिवार्य: भारतीय रेलवे खानपान एवं पर्यटन निगम (IRCTC) ने घोषणा की है कि 1 अक्टूबर 2025 से ऑनलाइन रिजर्वेशन खुलने के पहले 15 मिनट में केवल वे लोग ही सामान्य टिकट बुक कर पाएंगे, जिनका आधार कार्ड (Aadhaar) का सत्यापन हो चुका है। यह नियम तत्काल टिकट बुकिंग की तर्ज पर लागू किया गया है, जिसका उद्देश्य दलाली और दुरुपयोग को रोकना है।
UPI लेनदेन में महत्वपूर्ण परिवर्तन
- 'कलेक्ट रिक्वेस्ट' फीचर बंद: 1 अक्टूबर से UPI का 'कलेक्ट रिक्वेस्ट' या 'पुल ट्रांज़ैक्शन' फीचर बंद हो गया है। इसका मतलब है कि UPI ऐप्स पर किसी दोस्त या रिश्तेदार से सीधे पैसे मांगने का विकल्प नहीं मिलेगा। NPCI ने बताया है कि इससे ऑनलाइन धोखाधड़ी और फिशिंग के मामलों को रोका जा सकता है।
- लेनदेन की सीमा में वृद्धि: UPI के जरिए अब एक बार में 5 लाख रुपये तक का लेन-देन किया जा सकेगा, जो पहले 1 लाख रुपये था। इसका लाभ रियल एस्टेट, ई-कॉमर्स और व्यावसायिक लेन-देन में होगा।
- UPI ऑटो-पे की शुरुआत: अब सब्सक्रिप्शन और बिल जैसी सेवाओं के लिए UPI ऑटो-पे की सुविधा मिलेगी। इसके तहत हर ऑटो-डेबिट पर यूजर्स को नोटिफिकेशन मिलेगा और वे कभी भी सेटिंग्स बदल सकते हैं या रद्द कर सकते हैं।
ऑनलाइन गेमिंग के लिए नए नियम
- सभी ऑनलाइन गेमिंग प्लेटफॉर्म्स को अब इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय (MeitY) से वैध लाइसेंस लेना होगा। इससे गेमिंग उद्योग में सुरक्षा, पारदर्शिता और धोखाधड़ी रोकने में मदद मिलेगी। ऑनलाइन रियल-मनी गेमिंग में भाग लेने के लिए न्यूनतम उम्र 18 साल होगी।
स्पीड पोस्ट सेवाओं में बदलाव
- 1 अक्टूबर 2025 से स्पीड पोस्ट सेवा महंगी हो गई है, क्योंकि इंडिया पोस्ट ने विभिन्न श्रेणियों के लिए दरों में संशोधन किया है। नई सुविधाओं में OTP-आधारित सुरक्षित डिलीवरी और रियल टाइम ट्रैकिंग शामिल हैं।
बैंक और वित्तीय नियमों में अन्य बदलाव
- RBI चेक क्लियरिंग व्यवस्था: भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) ने घोषणा की है कि 4 अक्टूबर 2025 से चेक क्लियरिंग की मौजूदा बैच क्लियरिंग पद्धति को बदलकर कंटीन्यूअस क्लियरिंग पद्धति अपनाई जाएगी।
- बैंकों के चार्जेज में बदलाव: HDFC बैंक, पंजाब नेशनल बैंक (PNB) और यस बैंक ने 1 अक्टूबर 2025 से विभिन्न सेवाओं से जुड़े शुल्कों में बदलाव किए हैं, जिनमें लॉकर, स्टैंडिंग इंस्ट्रक्शन (SI) फेलियर, नॉमिनेशन चार्जेस, और स्टॉप पेमेंट इंस्ट्रक्शन शामिल हैं।
- स्मॉल सेविंग स्कीम्स की ब्याज दरें: स्मॉल सेविंग स्कीम्स की ब्याज दरों में हर तीन महीने में बदलाव किया जाता है, और 30 सितंबर को केंद्र सरकार ने ब्याज दरों के बारे में ऐलान किया, जो 1 अक्टूबर से लागू होंगी।