भारत सरकार ने पिछले 24-48 घंटों में देश के विभिन्न वर्गों के कल्याण और विकास को सुनिश्चित करने के उद्देश्य से कई महत्वपूर्ण योजनाओं और नीतियों को आगे बढ़ाया है। इन पहलों में स्वास्थ्य सेवा, सामाजिक सुरक्षा, सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम (MSME) तथा श्रमिक कल्याण जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्र शामिल हैं।
चिकित्सा शिक्षा का विस्तार
24 सितंबर, 2025 को केंद्रीय मंत्रिमंडल ने मौजूदा सरकारी कॉलेजों और अस्पतालों में 10,000 से अधिक नई मेडिकल सीटें जोड़ने को मंजूरी दी है। इस ऐतिहासिक पहल के तहत चार वर्षों में 15,034 करोड़ रुपये का रणनीतिक निवेश किया जाएगा। यह कदम अगले पांच वर्षों में 75,000 अतिरिक्त मेडिकल सीटें सृजित करने के व्यापक दृष्टिकोण का हिस्सा है, जिसका उद्देश्य देश में प्रशिक्षित डॉक्टरों की कमी को दूर करना और स्वास्थ्य सेवा प्रणाली को मजबूत करना है।
पेंशन राशि में वृद्धि
केंद्र सरकार ने विधवाओं, बुजुर्गों और दिव्यांग नागरिकों के लिए पेंशन राशि में महत्वपूर्ण वृद्धि करने का निर्णय लिया है। इस नई घोषणा के अनुसार, विधवा महिलाओं की पेंशन में ₹4,000 की बढ़ोतरी होगी, जबकि दिव्यांग नागरिकों की पेंशन ₹6,000 से बढ़कर ₹10,000 तक की गई है। वरिष्ठ नागरिकों को भी ₹1,000 से बढ़कर ₹4,000 तक की पेंशन दी जाएगी। सरकार ने पेंशन योजना के लिए आवेदन प्रक्रिया को पूरी तरह से ऑनलाइन और पारदर्शी बना दिया है, जिससे लाभार्थी घर बैठे ही इंटरनेट के माध्यम से आवेदन कर सकते हैं।
MSME सेवा पर्व - 2025
सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम मंत्रालय (MSME) 28 से 30 सितंबर 2025 तक वाराणसी, उत्तर प्रदेश में 'एमएसएमई सेवा पर्व - 2025: विरासत से विकास' का आयोजन कर रहा है। इस आयोजन का उद्देश्य समुदायों, संस्थाओं और व्यक्तियों को सेवा, सांस्कृतिक गौरव और भारत की विरासत के प्रति जागरूकता बढ़ाने के लिए एक सामूहिक आंदोलन में एक साथ लाना है। इस कार्यक्रम में प्रधानमंत्री विश्वकर्मा, खादी एवं ग्रामोद्योग योजना जैसे MSME योजनाओं के 1500 से अधिक लाभार्थियों के भाग लेने की उम्मीद है। स्थानीय कारीगरों और शिल्पकारों द्वारा निर्मित उत्पादों की प्रदर्शनी-सह-बिक्री भी इस दौरान आयोजित की जाएगी।
प्रधानमंत्री मातृत्व वंदना योजना के तहत वित्तीय सहायता
मोदी सरकार ने प्रधानमंत्री मातृत्व वंदना योजना के तहत एक नई स्कीम शुरू की है, जिसके अंतर्गत गर्भवती महिलाओं को हर महीने ₹5,500 की वित्तीय सहायता सीधे उनके बैंक खातों में जारी की जाएगी। यह पहल गर्भवती महिलाओं और उनके नवजात शिशुओं के स्वास्थ्य और पोषण को सुनिश्चित करने के लिए की गई है।
कोल इंडिया कर्मचारियों के लिए कल्याणकारी योजनाएं
कोल इंडिया लिमिटेड (CIL) ने अपने कर्मचारियों के लिए कई कल्याणकारी योजनाओं की घोषणा की है। इनमें कर्मचारियों (अस्थायी कर्मचारियों सहित) के लिए बीमा राशि को बढ़ाकर ₹1 करोड़ करना शामिल है, जिसके लिए कर्मचारियों को कोई प्रीमियम नहीं देना होगा। इसके अतिरिक्त, कोल इंडिया और उसकी सहायक कंपनियों के 2.09 लाख कर्मचारियों और सिंगरेनी कोलियरीज के 38,000 कर्मचारियों में से प्रत्येक को ₹1,03,000 का प्रदर्शन-आधारित बोनस मिलेगा। एक्स-ग्रेशिया राशि को भी ₹15 लाख से बढ़ाकर ₹25 लाख कर दिया गया है।